- हाइलाइट्स
- पटना में भाजपा ने ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत पदयात्रा निकाली।
- मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी समेत कई वरिष्ठ नेता कार्यक्रम में शामिल हुए।
- कारगिल चौक से शुरू हुई पदयात्रा जेपी प्रतिमा तक पहुंची, जहां नेताओं ने श्रद्धांजलि दी।
- संजय सरावगी ने मतदाता सूची के SIR और विपक्ष के आरोपों पर अपनी पार्टी का पक्ष रखा।
- भाजपा ने पहले चरण में 10 प्रमंडलीय मुख्यालयों में कार्यक्रम और आगे जिला व विधानसभा स्तर पर अभियान चलाने की बात कही।
Bihar Politics: पटना, 28 अक्टूबर 2026। बिहार की राजधानी पटना में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत पदयात्रा निकाली। इसमें मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी, पटना के सांसद रविशंकर प्रसाद और पार्टी के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। पदयात्रा के दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और महिला कार्यकर्ताओं ने भी हिस्सा लिया।
भाजपा (bjp) की यह पदयात्रा गांधी मैदान के पास स्थित कारगिल चौक से शुरू हुई और मौर्या होटल के समीप लोकनायक जयप्रकाश नारायण की प्रतिमा तक पहुंची। वहां मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष और अन्य नेताओं ने जेपी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने पार्टी के झंडे और नारों वाली तख्तियां लेकर विपक्ष के खिलाफ नारेबाजी की।
कारगिल चौक से जेपी प्रतिमा तक निकली पदयात्रा
पदयात्रा से पहले कारगिल चौक पर सभा आयोजित की गई। इसमें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने अभियान के उद्देश्य और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी दी। पार्टी के मुताबिक, इस आयोजन का मकसद लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और विपक्ष की राजनीति के खिलाफ जनजागरण अभियान को आगे बढ़ाना है।
कार्यक्रम में बिहार सरकार के मंत्री विजय कुमार सिन्हा, रामकृपाल यादव, डॉ. दिलीप जायसवाल, प्रमोद चंद्रवंशी और नीतीश मिश्रा सहित कई नेता मौजूद रहे। मुख्य सचेतक संजीव चौरसिया, विधान पार्षद संजय मयूख, विधायक रत्नेश कुशवाहा, संजय गुप्ता, सिद्धार्थ सौरभ और सियाराम सिंह समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
पार्टी पदाधिकारियों और पटना महानगर, पटना ग्रामीण तथा बाढ़ क्षेत्र के नेताओं की मौजूदगी में कार्यकर्ताओं ने अभियान के समर्थन में अपनी भागीदारी दिखाई। कार्यक्रम का संचालन प्रदेश महामंत्री प्रीति शेखर ने किया।
SIR और मतदाता सूची पर संजय सरावगी ने क्या कहा?
सभा को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) सहित विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष चुनावों में वोट चोरी का मुद्दा उठाकर लोगों के बीच भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहा है।
सरावगी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर (SIR) का उल्लेख करते हुए दावा किया कि इस प्रक्रिया में मृत और डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि मतदाता सूची में ऐसे नाम बने रहने पर विपक्ष को आपत्ति क्यों है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि विपक्ष को लोकतंत्र की चिंता से अधिक फर्जी मतदान की व्यवस्था समाप्त होने की परेशानी है। ये सरावगी के राजनीतिक आरोप हैं; मतदाता सूची में बदलाव और उससे जुड़े विवादों का आकलन आधिकारिक आंकड़ों तथा संबंधित रिकॉर्ड के आधार पर किया जाना चाहिए।
चुनाव में हार के बाद EVM पर सवाल उठाने का आरोप
संजय सरावगी ने कहा कि विपक्षी दल चुनाव जीतने पर लोकतांत्रिक व्यवस्था पर सवाल नहीं उठाते, लेकिन हार मिलने पर ईवीएम और चुनाव प्रक्रिया पर आरोप लगाते हैं। उन्होंने न्यायपालिका और अन्य संवैधानिक संस्थाओं को लेकर विपक्ष की टिप्पणियों की भी आलोचना की।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में असहमति और आलोचना का अधिकार महत्वपूर्ण है, लेकिन राजनीतिक बहस में व्यक्तिगत टिप्पणियों और संस्थाओं पर लगाए जाने वाले आरोपों को लेकर जिम्मेदारी बरतनी चाहिए।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के परिवार को लेकर कांग्रेस नेताओं की टिप्पणियों पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने इसे विपक्ष की राजनीतिक भाषा से जोड़ते हुए अपनी पार्टी का पक्ष रखा।
बिहार के 10 प्रमंडलीय मुख्यालयों में होगा अभियान
संजय सरावगी ने बताया कि अभियान के पहले चरण में बिहार के 10 प्रमंडलीय मुख्यालयों में पदयात्राएं आयोजित करने की योजना है। उनके अनुसार, दो नवंबर को भागलपुर में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और चार नवंबर को पूर्णिया में असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की मौजूदगी में कार्यक्रम प्रस्तावित हैं।
उन्होंने कहा कि दरभंगा समेत अन्य प्रमंडलीय मुख्यालयों में भी पार्टी के वरिष्ठ नेता अभियान का नेतृत्व करेंगे। इन कार्यक्रमों के जरिए भाजपा अपने संदेश को अलग-अलग क्षेत्रों तक पहुंचाने की कोशिश करेगी।
दूसरे चरण में जिला मुख्यालयों पर कार्यक्रम आयोजित करने और विधानसभा क्षेत्रों में बुद्धिजीवियों के साथ बैठकें करने की योजना बताई गई है। पार्टी का कहना है कि इन बैठकों के माध्यम से विपक्ष की नीतियों पर चर्चा की जाएगी और अभियान को स्थानीय स्तर तक पहुंचाया जाएगा।
कार्यकर्ताओं से गांव-गांव तक अभियान पहुंचाने की अपील
प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने पार्टी कार्यकर्ताओं से अभियान को गांव-गांव और आम लोगों तक पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और राजनीतिक अराजकता के विरोध में जनजागरण अभियान चलाएगी।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और बिहार की एनडीए सरकार के प्रति जनता के समर्थन का भी दावा किया।
पटना में आयोजित इस पदयात्रा के साथ भाजपा ने अपने राजनीतिक अभियान को आगे बढ़ाने का संदेश दिया है। आने वाले दिनों में प्रमंडलीय, जिला और विधानसभा स्तर पर प्रस्तावित कार्यक्रमों के जरिए यह अभियान कितना विस्तार लेता है, इस पर राजनीतिक हलकों की नजर रहेगी।
स्रोत: भाजपा बिहार प्रदेश की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति, पटना, 28 अक्टूबर 2026।
यह भी पढ़ें : Bihar Politics: सम्राट चौधरी को एजाज अहमद की नसीहत, बोले- महिला सुरक्षा, नौकरी और महंगाई पर निकालें पदयात्रा
यह भी पढ़ें : पटना में खरगे की टिप्पणी पर भाजपा का कांग्रेस के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन, डाक बंगला चौराहे पर पुतला दहन
यह भी पढ़ें : CJP Protest: सौरव दास और आशुतोष रंका जेल भेजे गए; CJP ज़मानत की तैयारी में
यह भी पढ़ें : Bihar Politics: CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ RJD का प्रदर्शन, बिहार-बंगाल समेत 5 राज्यों में फिर चुनाव की मांग
यह भी पढ़ें : Tejashwi Yadav का बड़ा दावा: बिहार और बंगाल में फिर हों चुनाव, Election Commission पर उठाए गंभीर सवाल


